प्रधानमंत्री वय वंदना योजना

सीनियर सिटिजन की वोट की ताकत को समझते हुए सरकार ने उनके लिए कुछ अलग से योजनाएं शुरू करने की पहल कीं। आइए, इनपर एक नजर डालते हैं:

1. प्रधानमंत्री वय वंदना योजना (PMVVY)

वरिष्ठ नागरिकों के लिए शुरू की गई इस योजना में निवेश की रकम की सीमा दोगुनी कर दी गई है।

कौन कर सकता है निवेश

वरिष्ठ नागरिकों के लिए शुरू की गई इस योजना में 60 साल और उससे अधिक उम्र के नागरिक निवेश कर सकते हैं।

निवेश करने की आखिरी तारीख 31 मार्च 2020 है।

इस योजना के तहत निवेशकों को दस साल तक 8% सालाना रिटर्न की गारंटी के साथ पेंशन दिया जाता है।

पेंशन की बात

इस योजना में निवेश करने वाले सीनियर सिटिजन मासिक, तिमाही, छमाही या सालाना आधार पर पेंशन ले सकते हैं।

निवेश की रकम बढ़ने से वरिष्ठ नागरिकों को 10 हजार रुपये तक मासिक पेंशन मिल सकेगी।

सरकार द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक मार्च 2018 तक कुल 2.23 लाख वरिष्ठ नागरिक इस पेंशन योजना का लाभ उठा रहे थे।

PMVVY के तहत अब तक सीनियर सिटिजन को 10 साल की अवधि के लिए न्यूनतम 1,000 रुपये मासिक पेंशन की गारंटी है।

पहले वरिष्ठ पेंशन बीमा योजना 2014 के तहत 3.11 लाख वरिष्ठ नागरिकों को लाभ मिला था।

कैसे करें आवेदन

इसके लिए एक आवेदन फॉर्म भरना होगा। इस फॉर्म के साथ जरूरी दस्तावेज अटैच करने की जरूरत पड़ती है।

सीनियर सिटिजन ऑनलाइन भी स्कीम में निवेश कर सकते हैं। इसके लिए https://eterm.licindia.in/onlinePlansIndex/pmvvymain.do के लिंक का इस्तेमाल करना होगा।

किन दस्तावेजों की होगी जरूरत

  • पैन कार्ड की कॉपी
  • पते का प्रूफ (आधार, पासपोर्ट की प्रति)
  • उस बैंक पासबुक के पहले पेज की कॉपी जिसमें खाताधारक को पेंशन चाहिए

2. सीनियर सिटिजन सेविंग्स स्कीम (SCSS)

SCSS में अधिकतम रकम या तो रिटायरमेंट पर मिलने वाली रकम हो सकती है या 15 लाख रुपये।

कैसे करें SCSS में निवेश

अगर आपकी उम्र 60 साल है और आप जॉब से रिटायर हो चुके हैं तो आप इस स्कीम में निवेश कर सकते हैं।

एससीएसएस के तहत सिंगल या जॉइंट अकाउंट खोला जा सकता है।

पोस्ट ऑफिस या किसी बैंक में एससीएसएस के तहत निवेश किया जा सकता है।

एससीएसएस के मुताबिक, जॉइंट या सिंगल अकाउंट खोलकर इसमें 15 लाख तक निवेश किया जा सकता है।

हालांकि एससीएसएस में निवेश की गई रकम रिटायरमेंट पर मिलने वाली रकम से ज्यादा नहीं होनी चाहिए।

एससीएसएस में खाता खोलने के लिए अगर आप 1 लाख रुपये तक का निवेश कर रहे हैं तो आप इसे नकद दे सकते हैं।

अगर यह रकम 1 लाख रुपये से ज्यादा है तो आपको इसे चेक के रूप में जमा करना होगा।

कितना मिलता है ब्याज

सीनियर सिटिजन सेविंग्स स्कीम के तहत आपको निवेश की रकम पर 8 फीसदी से अधिक ब्याज मिलता है।

केंद्र सरकार का वित्त मंत्रालय हर तीन महीने पर एससीएसएस की ब्याज दर की समीक्षा करता है।

एससीएसएस में ब्याज का कैलकुलेशन हर तिमाही होता है।

इस हिसाब से आपके अकाउंट में 31 मार्च, 30 जून, 30 सितंबर और 31 दिसंबर को ब्याज की रकम डाल दी जाती है।

एससीएसएस की अवधि 5 साल की होती है और इसे तीन साल के लिए बढ़ाया जा सकता है।

अगर आप समय से पहले रकम निकालते हैं तो इसके लिए आपको कुछ शुल्क देना पड़ सकता है।

तीन साल का एक्सटेंशन

एससीएसएस 2019 के अनुसार खाते की मैच्योरिटी के बाद उसे 3 साल के लिए बढ़ाया जा सकता है।

एससीएसएस में आपको ब्याज दर वही मिलेगी, जो खाते के मैच्योर होने के वक्त मिल रही थी।

3. मकान से पाएं मासिक आय

सीनियर सिटिजंस अपने मकान को गिरवी रख भी मासिक आय पा सकते हैं।

क्या है रिवर्स मोर्टगेज

बैंक बुजुर्गों का घर गिरवी रख लेता है। फिर हर महीने बैंक बुजुर्गों को पैसे देता है।

कुछ अलग है यह

अमूमन यह लोन 15 साल तक के लिए ही मिलता है।

इस स्कीम के तहत मालिक को बैंक को पैसा वापस नहीं करना होता है।

बैंक घर को गिरवी रखने के हर महीने पैसा देता रहता है।

इस स्कीम के तहत बैंक 60 साल की उम्र से ज्यादा लोगों को ही लोन देता है।

कुछ बैंक 72 साल की उम्र पार करने पर ये लोन नहीं देते।

यदि पति-पत्नी दोनों लोग इस लोन के लिए अप्लाई करते हैं तो पति की उम्र 60 साल और पत्नी की उम्र 58 साल होना जरूरी है।

हर महीने कितना पैसा

घर की कीमत पर 60 फीसदी लोन मिल सकता है।

मालिक अपने घर पर रह सकता है।

रिवर्स मॉर्गेज स्कीम के तहत अपना घर गिरवी रखने वाले व्यक्ति की मृत्यु के बाद घर बैंक का हो जाता है।

अब यदि उस व्यक्ति के परिजन घर लेना चाहें तो घर की कीमत देकर घर को खरीदा जा सकता है।

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